चंबा : उपायुक्त चंबा मुकेश रेपसवाल ने कहा कि प्रदेश सरकार द्वारा राजस्व संबंधी लंबित मामलों के शीघ्र निष्पादन के लिए जनवरी 2026 से मार्च 2026 तक तहसील एवं उप-तहसील स्तर पर विशेष राजस्व लोक अदालतों का आयोजन किया गया। इस अवधि के दौरान चंबा जिले में कुल 1383 राजस्व मामलों का सफल निपटारा किया गया।
उपायुक्त शनिवार को राष्ट्रीय सूचना विज्ञान केंद्र के वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग कक्ष में आयोजित जिला स्तरीय बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे, जिसमें विशेष राजस्व लोक अदालतों के माध्यम से विभिन्न राजस्व मामलों के समाधान की प्रगति की समीक्षा की गई। बैठक में विभिन्न उपमंडलों से उपमंडलाधिकारी, तहसीलदार एवं नायब तहसीलदार वर्चुअल माध्यम से जुड़े।
डीसी ने अवगत करवाया कि जनवरी से मार्च 2026 की अवधि में 366 तक्सीम, 570 सीमांकन एवं 447 राजस्व अभिलेख दुरुस्ती मामलों सहित कुल 1383 राजस्व मामलों का समाधान सुनिश्चित किया गया है। यह मुहिम जिले में निरंतर जारी रहेगी। उन्होंने सभी तहसीलदार एवं नायब तहसीलदारों को निर्देश दिए कि वे सप्ताह में 1-2 दिन विशेष राजस्व लोक अदालत का आयोजन कर लंबित मामलों, विशेषकर एक वर्ष से अधिक समय से लंबित मामलों का प्राथमिकता के आधार पर निपटारा सुनिश्चित करें। उन्होंने उपमंडलाधिकारियों को भी लंबित राजस्व मामलों का समयबद्ध समाधान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
बैठक के दौरान डीसी ने तहसील एवं उप-तहसील स्तर पर कार्यों की विस्तृत समीक्षा करते हुए संबंधित अधिकारियों को पूर्ण किए गए मामलों को आरएमएस पोर्टल पर अपलोड करने के निर्देश दिए। इसके अतिरिक्त उन्होंने पुराने पंजीकृत दस्तावेजों की स्कैनिंग, लघु सिंचाई जनगणना, जल निकायों की द्वितीय जनगणना, स्वामित्व योजना तथा जमाबंदी दौर से संबंधित कार्यों को लेकर भी आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए। उपायुक्त ने राजस्व अधिकारियों के कार्यों की सराहना करते हुए आगामी सप्ताह के लिए लक्ष्य भी निर्धारित किए। इस अवसर पर बैठक का संचालन अतिरिक्त उपायुक्त अमित मेहरा द्वारा किया गया।



