नाहन : हिमाचल प्रदेश के शारीरिक शिक्षक धर्मेंद्र चौधरी ने अमेरिकन फुटबॉल फेडरेशन ऑफ इंडिया (AFFI) और हरियाणा अमेरिकन फुटबॉल एसोसिएशन द्वारा आयोजित फ्लैग फुटबॉल रेफरी/कोच L-1 सर्टिफिकेशन क्लिनिक सफलतापूर्वक पूरा कर प्रदेश के पहले L-1 प्रमाणित रेफरी एवं कोच बनने का गौरव हासिल किया है। धर्मेंद्र चौधरी जिला सिरमौर के कोटड़ी ब्यास स्कूल में शारीरिक शिक्षक के पद पर तैनात हैं। उनकी इस बड़ी उपलब्धि से प्रदेश का नाम रोशन हुआ है।
बता दें कि दो दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम 4 और 5 जुलाई 2026 को हरियाणा के करनाल स्थित द ब्रह्मानंद अकादमी में आयोजित किया गया। इसमें देशभर से प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया। प्रशिक्षण के दौरान फ्लैग फुटबॉल के नियम, रेफरिंग तकनीक, कोचिंग सिद्धांत, मैच प्रबंधन और खेल के विकास से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर विशेषज्ञों ने प्रशिक्षण दिया।
धर्मेंद्र चौधरी ने इस उपलब्धि का श्रेय अपने सहयोगियों, प्रशिक्षकों और अमेरिकन फुटबॉल फेडरेशन ऑफ इंडिया को दिया। उन्होंने कहा कि उनका लक्ष्य हिमाचल प्रदेश में अमेरिकन फ्लैग फुटबॉल को गांव-गांव तक पहुंचाना और युवाओं को इस खेल से जोड़कर राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ी, कोच और रेफरी तैयार करना है।
उनकी इस उपलब्धि पर प्रदेश के खेल जगत और विभिन्न खेल संगठनों ने खुशी जताई है। अमेरिकन फ्लैग फुटबॉल एसोसिएशन के अध्यक्ष अरुण गोयल, सदस्य सुधीर रूबी, सुखविंदर चौधरी, नवप्रीत, पवन चौधरी और आरआर स्पोर्ट्स के संचालक राहुल रमोल ने धर्मेंद्र चौधरी को L-1 सर्टिफिकेट कोर्स सफलतापूर्वक पूरा करने पर बधाई और शुभकामनाएं दीं।
खेल विशेषज्ञों का मानना है कि धर्मेंद्र चौधरी की यह उपलब्धि हिमाचल प्रदेश में अमेरिकन फ्लैग फुटबॉल के विकास को नई दिशा देने के साथ युवाओं के लिए भी प्रेरणास्रोत बनेगी। उल्लेखनीय है कि धर्मेंद्र चौधरी खेलों के संबंध में एक्सपोजर विजिट पर सिंगापुर जा चुके हैं। अपने सेवाकाल में उनके द्वारा प्रशिक्षित 45 बच्चे खेलों के क्षेत्र में नाम कमा रहे हैं। वहीं, हैंडबॉल में उनके 2 प्लेयर की इंडिया टीम में सिलेक्शन हुई है। उनके मार्गदर्शन में स्कूली खिलाड़ियों ने विभिन्न खेलों में अपना बेहतर प्रदर्शन कर नाम रोशन किया है।
