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हिमाचल दिवस पर सिरमौर की रितु नेगी, पुष्पा राणा और साक्षी शर्मा को मिलेगा ‘प्रेरणा स्रोत सम्मान’

15 अप्रैल को जिला किन्नौर के रिकांगपिओ में आयोजित होने वाले राज्य स्तरीय हिमाचल दिवस समारोह में जिला सिरमौर की तीन बेटियों को प्रदेश सरकार ‘प्रेरणा स्रोत सम्मान’ से नवाजेगी।

नाहन : 15 अप्रैल को जिला किन्नौर के रिकांगपिओ में आयोजित होने वाले राज्य स्तरीय हिमाचल दिवस समारोह में जिला सिरमौर की तीन बेटियों को प्रदेश सरकार ‘प्रेरणा स्रोत सम्मान’ से नवाजेगी। इस सम्मान के लिए भारतीय महिला कबड्डी टीम की कप्तान रितु नेगी, उपकप्तान पुष्पा राणा और बेस्ट डिफेंडर साक्षी शर्मा का चयन किया गया है। राज्य स्तरीय समारोह में सिविल सेवा, खेल और अन्य क्षेत्रों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वालों को भी सम्मानित किया जाएगा।

इन तीनों खिलाड़ियों को प्रदेश सरकार की ओर से स्टेट गेस्ट घोषित किया गया है और उनके आवागमन व ठहरने की पूरी व्यवस्था सरकार द्वारा की जाएगी। सिरमौर की इन बेटियों की उपलब्धियों ने न केवल जिले बल्कि पूरे प्रदेश का नाम राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर रोशन किया है।

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शिलाई क्षेत्र के शरोग गांव की रहने वाली रितु नेगी ने बेहद साधारण पृष्ठभूमि से निकलकर अंतरराष्ट्रीय कबड्डी में अपनी पहचान बनाई। आठवीं कक्षा से खेल की शुरुआत करने वाली रितु का चयन वर्ष 2006 में स्पोर्ट्स हॉस्टल बिलासपुर के लिए हुआ, जहां उन्होंने वर्षों तक प्रशिक्षण लिया। उन्होंने राष्ट्रीय स्तर पर कई पदक जीतने के साथ-साथ 2025 महिला कबड्डी विश्व कप में भारतीय टीम की कप्तान रहते हुए स्वर्ण पदक दिलाया। एशियन गेम्स 2023 में भी उन्होंने टीम का नेतृत्व किया। वर्तमान में वह भारतीय रेलवे में ऑफिस सुपरिटेंडेंट के पद पर कार्यरत हैं और हैदराबाद में तैनात हैं।

वहीं, शिलाई क्षेत्र के ढकौली गांव से संबंध रखने वाली साक्षी शर्मा ने कम उम्र में ही कबड्डी में अपनी मजबूत पहचान बनाई। हिमाचल प्रदेश स्पोर्ट्स हॉस्टल से प्रशिक्षण लेने के बाद उन्होंने डिफेंडर के रूप में अपनी खास पहचान बनाई। उनकी बेहतरीन ब्लॉकिंग और डिफेंसिंग स्किल्स के चलते वह भारतीय महिला टीम की अहम खिलाड़ी बनीं। 2025 में बांग्लादेश में आयोजित महिला कबड्डी वर्ल्ड कप और ईरान में एशियन चैंपियनशिप में स्वर्ण पदक जीतने वाली टीम का हिस्सा रहीं। साथ ही राष्ट्रीय खेलों और विभिन्न प्रतियोगिताओं में लगातार पदक जीतकर उन्होंने अपनी प्रतिभा साबित की है।

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मिल्ला क्षेत्र की रहने वाली पुष्पा राणा ने बचपन से ही कबड्डी की बारीकियां अपने पिता से सीखीं। राइट रेडर के रूप में खेलने वाली पुष्पा अपनी रेडिंग और डिफेंस दोनों में संतुलित प्रदर्शन के लिए जानी जाती हैं। भारतीय महिला कबड्डी टीम की उपकप्तान के रूप में उन्होंने कई अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में देश को गौरवान्वित किया है। उनकी कप्तानी में हिमाचल प्रदेश टीम ने नेशनल गेम्स में लगातार तीन बार स्वर्ण पदक जीतकर इतिहास रचा। एशियन गेम्स, साउथ एशियन गेम्स और वर्ल्ड कप सहित कई प्रतियोगिताओं में उन्होंने स्वर्ण पदक हासिल किए हैं।

सिरमौर की इन तीनों बेटियों को मिलने वाला ‘प्रेरणा स्रोत सम्मान’ न केवल उनकी व्यक्तिगत उपलब्धियों का सम्मान है, बल्कि यह पूरे जिले के लिए गर्व का क्षण है। उनकी सफलता आने वाली पीढ़ी की बेटियों को खेलों में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करेगी।

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