होमHimachalSirmaurसिरमौर के इस क्षेत्र में अदरक की फसल में फाइलोस्टिक्टा ब्लाइट का...

सिरमौर के इस क्षेत्र में अदरक की फसल में फाइलोस्टिक्टा ब्लाइट का प्रकोप, खेतों में पहुंचे वैज्ञानिक, बताया कैसे करें बचाव

कृषि विज्ञान केंद्र सिरमौर के वैज्ञानिकों और कृषि विभाग के अधिकारियों ने प्रभावित क्षेत्रों का मौके पर निरीक्षण किया और किसानों को रोग की रोकथाम एवं प्रबंधन के लिए आवश्यक सलाह दी।

संगड़ाह : जिला सिरमौर के विकास खंड संगड़ाह के गांव काकोग में अदरक की फसल में फाइलोस्टिक्टा ब्लाइट (Phyllosticta blight) रोग का प्रकोप पाया गया है। कृषि विज्ञान केंद्र सिरमौर के वैज्ञानिकों और कृषि विभाग के अधिकारियों ने प्रभावित क्षेत्रों का मौके पर निरीक्षण किया और किसानों को रोग की रोकथाम एवं प्रबंधन के लिए आवश्यक सलाह दी।

रोग की स्थिति का जायजा लेने और किसानों को जागरूक करने के लिए डॉ. पंकज मित्तल, सह निदेशक एवं वैज्ञानिक प्रभारी, कृषि विज्ञान केंद्र सिरमौर के साथ डॉ. साहब सिंह उपनिदेशक कृषि, डॉ. नवदीप कौंडल परियोजना निदेशक (आत्मा) तथा विकास खंड संगड़ाह और नाहन के विषय वस्तु विशेषज्ञों (SMS) ने काकोग गांव के प्रभावित क्षेत्रों का भ्रमण किया। इस दौरान उन्होंने मौके पर फसल का निरीक्षण कर किसानों को रोग के प्रभावी प्रबंधन, खेत की स्वच्छता, उचित जल निकासी, संतुलित पोषण और फफूंदनाशकों के सुरक्षित एवं सही छिड़काव की जानकारी दी।

रोग प्रभावित खेतों के निरीक्षण के दौरान अदरक की पत्तियों पर छोटे, गोल या अनियमित आकार के भूरे अथवा गहरे भूरे धब्बे पाए गए। कृषि विशेषज्ञों के अनुसार रोग बढ़ने पर ये धब्बे आपस में मिलकर पत्तियों के बड़े हिस्से को प्रभावित कर सकते हैं। अधिक संक्रमण की स्थिति में पत्तियां सूखने लगती हैं, जिससे पौधे की वृद्धि और कंद के विकास पर प्रतिकूल असर पड़ सकता है। लगातार बारिश, अधिक नमी और खेत में हवा का उचित संचार न होना रोग को बढ़ावा देता है।

ये भी पढ़ें:  हिमाचल में फर्जी पुलिस बनकर ट्रक चालकों से लूटपाट करने वाला आरोपी गिरफ्तार, कई वारदातों को दिया अंजाम

कृषि विशेषज्ञों ने किसानों को संक्रमित और अत्यधिक रोगग्रस्त पत्तियों को खेत से निकालकर नष्ट करने की सलाह दी। साथ ही खेत में जलभराव न होने देने और उचित जल निकास की व्यवस्था बनाए रखने को कहा गया। रोगग्रस्त फसल के अवशेषों को खेत में न छोड़ने की भी सलाह दी गई है।

विशेषज्ञों ने संतुलित पोषण पर भी जोर दिया। किसानों को नाइट्रोजन उर्वरक का अत्यधिक इस्तेमाल नहीं करने तथा मिट्टी परीक्षण के आधार पर उर्वरकों का संतुलित मात्रा में प्रयोग करने को कहा गया। पर्याप्त मात्रा में पोटाश का प्रयोग पौधों को स्वस्थ रखने में सहायक हो सकता है।

ये भी पढ़ें:  सिरमौर में इस बार 1000 हेक्टेयर क्षेत्र घट गया गेहूं की खेती का रकबा, उत्पादन लक्ष्य में भी आई कमी

रोग की शुरुआती अवस्था में कृषि विशेषज्ञों की सलाह के अनुसार फफूंदनाशकों के प्रयोग की सलाह दी गई है। इसके तहत Blitox (Copper Oxychloride 50% WP) 3 ग्राम प्रति लीटर पानी की दर से तथा Amistar Top (Azoxystrobin 18.2% + Difenoconazole 11.4% SC) 1.5 मिलीलीटर प्रति लीटर पानी की दर से लेबल पर दी गई अनुशंसित मात्रा एवं निर्देशों के अनुसार छिड़काव करने को कहा गया है। बरसात के मौसम को देखते हुए दवा के घोल में लेबल के अनुसार स्टिकर मिलाने की सलाह भी दी गई।

कृषि विशेषज्ञों ने किसानों को एक ही फफूंदनाशक का लगातार इस्तेमाल नहीं करने की सलाह दी। रोग नियंत्रण के लिए अलग-अलग FRAC समूहों के फफूंदनाशकों का उचित रोटेशन करने तथा उत्पाद के लेबल पर दी गई मात्रा और प्रतीक्षा अवधि का पालन करने को कहा गया है।

ये भी पढ़ें:  कोल बांध से प्रभावित परिवारों की समस्याओं का शीघ्र किया जाए समाधान: मंडलायुक्त

छिड़काव के संबंध में किसानों को बताया गया कि रोग के शुरुआती लक्षण दिखाई देते ही उपचार शुरू करें। साफ पानी का इस्तेमाल करें और निर्धारित मात्रा में ही फफूंदनाशक मिलाएं। स्प्रे पंप की नोजल इस तरह रखें कि पत्तियों की ऊपरी और निचली दोनों सतहों पर दवा का समान कवरेज हो। तेज हवा, अत्यधिक गर्मी या बारिश की संभावना के दौरान छिड़काव न करने की सलाह दी गई।

किसानों को यह भी बताया गया कि विभिन्न फफूंदनाशकों को विशेषज्ञ या उत्पाद के लेबल पर दी गई सलाह के बिना टैंक में मिलाकर इस्तेमाल न करें। छिड़काव के दौरान दस्ताने, मास्क, जूते और अन्य आवश्यक व्यक्तिगत सुरक्षा उपकरणों का इस्तेमाल करने को कहा गया।

Aapki Baat News Desk
Aapki Baat News Deskhttps://aapkibaatnews.com
आपकी बात न्यूज डेस्क देश, प्रदेश और स्थानीय स्तर की हर महत्वपूर्ण खबर को तेज, विश्वसनीय और तथ्यात्मक तरीके से पाठकों तक पहुंचाने के लिए समर्पित है। राजनीति, समाज, प्रशासन, शिक्षा, अपराध, मनोरंजन और जनसरोकार से जुड़े हर मुद्दे पर सटीक जानकारी और प्रभावशाली प्रस्तुति हमारी प्राथमिकता है, ताकि पाठकों को हर बड़ी अपडेट एक ही मंच पर मिल सके।

Latest Articles

Explore More