मंडी : लारजी जल विद्युत परियोजना प्रबंधन मानसून के बाद जलाशय में जमा गाद और कचरे को हटाने के लिए 20 सितंबर की सुबह से लारजी बैराज के सभी गेट खोलेगा। यह प्रक्रिया 21 सितंबर की सुबह 6 बजे तक चलेगी। इस दौरान जलाशय से लगभग 2000 क्यूमेक्स तक पानी छोड़ा जाएगा।
हिमाचल प्रदेश राज्य विद्युत बोर्ड थलौट के वरिष्ठ अधिशाषी अभियंता अजय ठाकुर ने बताया कि लारजी जलाशय में सिल्ट और जमा कचरे को हटाने के लिए 20 सितंबर 2026 को सुबह 6 बजे से 21 सितंबर 2026 को सुबह 6 बजे तक यह कार्य किया जाएगा। इस दौरान बैराज के सभी गेट खुले रहेंगे।
उन्होंने बताया कि पानी छोड़ने के दौरान सुरक्षा की सभी आवश्यक सावधानियां बरती जाएंगी। इसके बावजूद ब्यास नदी के जलस्तर में बढ़ोतरी हो सकती है, इसलिए नदी किनारे रहने वाले लोगों, पर्यटकों और आम लोगों से इस अवधि में नदी के पास न जाने की अपील की गई है।
स्थानीय लोगों से अपने पशुओं को भी ब्यास नदी के नजदीक नहीं ले जाने का आग्रह किया गया है। परियोजना प्रबंधन ने लोगों से निर्धारित अवधि में विशेष सावधानी बरतने और नदी से सुरक्षित दूरी बनाए रखने को कहा है।