गोहर : हिमाचल प्रदेश के जिला मंडी की चच्योट तहसील के पटवार सर्कल कोहलू में राज्य विजिलेंस एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो ने बड़ी कार्रवाई करते हुए पटवारी, सर्कल कानूनगो और पटवार सहायक को एक लाख रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया।
आरोप है कि तीनों ने जमीन के इंतकाल के बदले शिकायतकर्ता से 2 लाख रुपये की रिश्वत मांगी थी। शिकायत मिलने के बाद विजिलेंस ने जाल बिछाया और पहली किस्त के रूप में एक लाख रुपये लेते ही तीनों आरोपियों को दबोच लिया।
शिकायतकर्ता के अनुसार, राजस्व कर्मियों ने इंतकाल की प्रक्रिया पूरी करने के लिए 2 लाख रुपये की मांग की थी। पूरी रकम एक साथ देना संभव न होने पर पटवार सहायक ने आधी राशि पहले और शेष काम पूरा होने के बाद देने की बात कही। इसके बाद शिकायतकर्ता ने विजिलेंस से संपर्क किया।
विजिलेंस टीम ने शिकायत का सत्यापन करने के बाद ट्रैप लगाया और तय योजना के अनुसार पहली किस्त के रूप में एक लाख रुपये लेते ही पटवारी, सर्कल कानूनगो और पटवार सहायक को मौके से गिरफ्तार कर लिया।
मामले का एक अहम पहलू यह भी है कि गिरफ्तार सर्कल कानूनगो 31 जुलाई को सेवानिवृत्त होने वाला था। यानी रिटायरमेंट से महज आठ दिन पहले वह रिश्वतखोरी के आरोप में विजिलेंस के शिकंजे में आ गया।
डीएसपी विजिलेंस प्रियंक गुप्ता ने कार्रवाई की पुष्टि करते हुए बताया कि तीनों आरोपियों को रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया गया है। आरोपियों से पूछताछ जारी है और उन्हें अदालत में पेश किया जा रहा है।
