नाहन : राजधानी शिमला से जिला सिरमौर के शिलाई के लिए हाल ही में शुरू की गई हिमाचल पथ परिवहन निगम (HRTC) की बस के टाइम टेबल को लेकर विवाद शुरू हो गया है। दरअसल, निगम के पांवटा साहिब बस अड्डा प्रभारी ने एक निजी बस संचालक के खिलाफ पुलिस थाना पांवटा साहिब में केस दर्ज करवाया है।
जानकारी के अनुसार उद्योग मंत्री हर्षवर्धन चौहान ने हाल ही में शिलाई से शिमला के लिए इस बस सेवा को हरी झंडी दिखाई थी। पिछले करीब पांच दशकों से शिलाई क्षेत्र के लोग शिमला के लिए सीधी बस सेवा की मांग कर रहे थे।
एक माह पहले उपमुख्यमंत्री एवं परिवहन मंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने शिलाई दौरे के दौरान शिमला, चंडीगढ़ और हरिद्वार के लिए बस सेवा शुरू करने की घोषणा की थी। हालांकि, निगम ने नया रूट शुरू करने के बजाय ढली-शिमला-पांवटा साहिब बस को शिलाई तक एक्सटेंड कर दिया, जिसके बाद से टाइम टेबल को लेकर विवाद शुरू हो गया।
प्राप्त जानकारी के मुताबिक, शिमला से चलने वाली बस को पहले पांवटा से शिलाई के लिए 3:20 बजे का समय दिया गया था, लेकिन यह बस दोपहर करीब 2:30 बजे ही पांवटा साहिब पहुंच रही थी और करीब 50 मिनट तक बस स्टैंड पर खड़ी रहती थी। इससे यात्रियों का समय खराब हो रहा था। बाद में निगम ने इस बस को सरकारी बस रूट क्यारी गुंडाह के टाइमटेबल पर 2:46 बजे पांवटा साहिब से आगे चलाना शुरू किया, जबकि इसी रूट पर 3:02 बजे निजी बस भी चलती है। ऐसे में ये विवाद बढ़ गया।
पुलिस को दी शिकायत में बस अड्डा प्रभारी राजेंद्र सिंह ने बताया कि 12 अप्रैल को दोपहर 2:46 बजे शिमला से शिलाई जा रही निगम की बस (HP18B-4506) को निजी बस संचालक माम राज शर्मा ने रोक दिया। आरोप है कि बस संचालक ने बुकिंग क्लर्क सियाराम और बस के चालक-परिचालक के साथ बहस की और इस बस को निर्धारित रूट पर जाने से रोक दिया, जिससे सेवा प्रभावित हुई।
पुलिस ने इस मामले में धारा 126(2) और 221 BNS के तहत केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। उधर, एसपी सिरमौर एनएस नेगी ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है और जांच के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
