नाहन : श्री कृष्ण जन्माष्टमी के पावन अवसर पर नाहन उपमंडल की आमवाला सैनवाला पंचायत के सैनवाला स्थित माता भद्रकाली मंदिर परिसर में श्री राधारानी और श्री बांके बिहारी की मूर्तियों की विधिवत स्थापना की गई। मूर्ति स्थापना समारोह में सैकड़ों श्रद्धालुओं ने भाग लिया और धार्मिक अनुष्ठानों में हिस्सा लेकर भगवान श्रीकृष्ण का आशीर्वाद प्राप्त किया।
मूर्ति स्थापना से पूर्व दो दिनों तक श्री राधारानी और बांके बिहारी जी की मूर्तियों का दुग्ध, अन्न, पुष्प, लक्ष्मी एवं फलों से विधिवत अभिषेक किया गया और पूजा-अर्चना की गई। इसके बाद जन्माष्टमी के दिन प्रातःकाल मूर्तियों की प्रभातफेरी निकाली गई। प्रभातफेरी श्री खेड़ा जी महाराज, श्री नर्मदेश्वर मंदिर और श्री गोगा माड़ी सैनवाला से होते हुए वापस माता भद्रकाली मंदिर परिसर पहुंची।
मंदिर पहुंचने के बाद श्री राधारानी और बांके बिहारी जी की मूर्तियों का षोडशोपचार पूजन (हिंदू धर्म में देवी-देवताओं की विधि-विधान से की जाने वाली 16 चरणों की एक विशेष पूजा पद्धति) किया गया। इसके साथ ही यज्ञ का आयोजन भी हुआ। धार्मिक अनुष्ठानों के बाद श्रद्धालुओं के लिए विशाल भंडारे का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में लोगों ने प्रसाद ग्रहण किया।
मूर्ति स्थापना कार्यक्रम में धर्म चंद बिंदल, पूर्व प्रधान संदीप तोमर, काकू राम, राकेश तोमर सहित सैकड़ों श्रद्धालुओं ने बढ़-चढ़कर भाग लिया। श्रद्धालुओं ने भक्ति भाव के साथ पूजा-अर्चना की और मंदिर परिसर में आयोजित धार्मिक कार्यक्रमों में हिस्सा लिया।
बता दें कि कालाअंब से नाहन के बीच इससे पहले बांके बिहारी जी का कोई मंदिर स्थापित नहीं था। ऐसे में जन्माष्टमी और शिवरात्रि जैसे धार्मिक पर्वों पर क्षेत्र के श्रद्धालुओं को बांके बिहारी जी की पूजा के लिए अन्य स्थानों पर जाना पड़ता था। सैनवाला में मंदिर परिसर में राधारानी और बांके बिहारी जी की मूर्ति स्थापना से क्षेत्र के श्रद्धालु अब स्थानीय स्तर पर ही पूजा-अर्चना कर आशीर्वाद प्राप्त कर सकेंगे।
