नाहन : जिला सिरमौर के हरिपुरधार में हुए बस हादसे के बाद जिला विधिक सेवा प्राधिकरण सिरमौर ने पीड़ितों और उनके परिवारों की सहायता के लिए सक्रिय पहल की है। दुर्घटना से प्रभावित घायलों, उनके परिजनों और मृतकों के परिवारों से सीधे संपर्क कर उन्हें निःशुल्क विधिक सहायता, परामर्श और आवश्यक समर्थन उपलब्ध करवाने की प्रक्रिया शुरू की गई है। इस पहल का उद्देश्य पीड़ित परिवारों को इस कठिन समय में कानूनी और प्रशासनिक स्तर पर संबल प्रदान करना है।

जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की ओर से नाहन, ददाहू और संगड़ाह के अस्पतालों में पैरा लीगल स्वयंसेवकों की तैनाती की गई, ताकि उपचाररत घायलों, उनके परिजनों और मृतकों के परिवारों को हर संभव सहायता मिल सके। पीड़ितों और उनके परिजनों को निःशुल्क विधिक सेवा का भरोसा दिलाते हुए उन्हें राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण की हेल्पलाइन 15100 की जानकारी भी दी गई, ताकि भविष्य में किसी भी तरह की कानूनी सहायता आसानी से प्राप्त की जा सके।
प्राधिकरण ने मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल नाहन के चिकित्सा अधीक्षक और प्रिंसिपल के साथ भी पीड़ितों के कल्याण को लेकर चर्चा की और यह सुनिश्चित करने का आग्रह किया कि घायलों को समय पर और उचित चिकित्सा देखभाल मिले। यह पूरी पहल अध्यक्ष, जिला एवं सत्र न्यायाधीश सिरमौर के निर्देश पर गई।
इस दौरान मुख्य विधिक सहायता रक्षा अधिवक्ता सुभाष शर्मा, सहायक विधिक सहायता रक्षा अधिवक्ता मंजीत सिंह, तथा पैरा लीगल स्वयंसेवक कमला, लेखराज और विजय कुमार ने सक्रिय भूमिका निभाई। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण सिरमौर का यह प्रयास हादसे से प्रभावित लोगों के लिए न केवल कानूनी मार्गदर्शन बल्कि मानवीय सहयोग का बड़ा उदाहरण बनकर सामने आया है।



