नशे के खिलाफ सोलन पुलिस की 27 संदिग्ध ठिकानों पर ताबड़तोड़ छापेमारी, नशा कारोबारियों को ‘जीरो टॉलरेंस’ का कड़ा संदेश

इस दौरान जिला पुलिस के नेतृत्व में पुलिस थाना सदर सोलन, कंडाघाट, धर्मपुर, अर्की, दाड़लाघाट, कुनिहार, महिला थाना और परवाणू के क्षेत्राधिकार में कुल 27 विभिन्न संदिग्ध ठिकानों पर सघन रेड़ और छापेमारी की गई।

0

सोलन : युवा शक्ति को चिट्टा (हेरोइन) जैसे घातक नशे की गिरफ्त से बचाने के लिए प्रदेश सरकार के प्रदेशव्यापी अभियान को सोलन पुलिस ने फिर गति दी है।

पुलिस मुख्यालय शिमला से मिले आदेशों के अनुपालन में जिला पुलिस सोलन ने एक व्यापक अभियान चलाया। इस दौरान जिला पुलिस के नेतृत्व में पुलिस थाना सदर सोलन, कंडाघाट, धर्मपुर, अर्की, दाड़लाघाट, कुनिहार, महिला थाना और परवाणू के क्षेत्राधिकार में कुल 27 विभिन्न संदिग्ध ठिकानों पर सघन रेड़ और छापेमारी की गई।

एसपी सोलन गौरव सिंह ने बताया कि जिला पुलिस ने यह कार्रवाई विशेष रूप से नशेड़ियों के चिन्हित ठिकानों, झुग्गी-झोपड़ियों, पार्कों और अन्य संदिग्ध स्थलों पर की है। नशा कारोबारियों के खिलाफ इतने व्यापक स्तर पर की गई इस कार्रवाई से नशेड़ियों और अवैध कारोबारियों को नशे के खिलाफ ‘जीरो टॉलरेंस’ का कड़ा और स्पष्ट संदेश गया है।

ये भी पढ़ें:  हिमाचल की अनाज मंडियों में 15 दिसंबर तक जारी रहेगी धान खरीद, किसानों को 44.52 करोड़ रुपए का भुगतान

उन्होंने बताया कि इस सामाजिक कुरीति को जड़ से मिटाने की मुहिम में विभिन्न सरकारी संगठन और विभाग एकजुट होकर काम कर रहे हैं, जिसके सार्थक परिणाम भी सामने आने लगे हैं।

सोलन पुलिस विगत काफी समय से नशा कारोबारियों के विरुद्ध लगातार इस प्रकार की कार्रवाई कर रही है, जिसके परिणामस्वरूप जिले में नशेड़ियों की गतिविधियों में स्पष्ट गिरावट दर्ज की गई है।

उन्होंने बताया कि नशे का कारोबार चलाने वालों के विरूद्ध इस प्रकार की छापेमारी भविष्य में भी जारी रहेगी, ताकि समाज की युवा शक्ति को नशे के चंगुल में फंसने से बचाकर उनकी ऊर्जा को सकारात्मक गतिविधियों में लगाया जा सके।

ये भी पढ़ें:  कृषि उपज मंडी की आय में ऐतिहासिक बढ़ोतरी, किसानों के विकास पर होंगे करोड़ों खर्च