पांवटा साहिब : शिलाई-शिमला सरकारी बस सेवा को लेकर बढ़े विवाद के बीच सिरमौर निजी बस आपरेटर यूनियन ने बड़ा ऐलान कर दिया है। यूनियन ने साफ चेतावनी दी है कि यदि बस संचालक पर दर्ज केस 20 अप्रैल से पहले वापस नहीं लिया गया, तो पूरे जिला सिरमौर में निजी बस संचालक अनिश्चितकालीन हड़ताल पर जाएंगे।
गुरुवार को पांवटा साहिब में आयोजित पत्रकार वार्ता में यूनियन के अध्यक्ष बलविंदर सिंह पुरेवाल ने यह घोषणा की और कहा कि सभी सदस्य इस हड़ताल में शामिल होंगे।
पत्रकार वार्ता में बलविंदर सिंह पुरेवाल, अखिल शर्मा और अतर पुंडीर सहित अन्य पदाधिकारियों ने कहा कि बस संचालक मामराज शर्मा के खिलाफ एचआरटीसी अड्डा प्रभारी द्वारा दर्ज करवाया गया मामला अगर वापस नहीं लिया गया, तो निजी बस ऑपरेटर सड़कों से बसें हटा देंगे।
यूनियन ने टाइम टेबल को लेकर भी गंभीर आपत्ति जताई। बलविंदर सिंह ने बताया कि पांवटा साहिब से टटियाना के लिए निजी बस 2:45 बजे चलती है, जबकि 2:47 बजे एचआरटीसी की बस का समय है। इसके बीच 2:46 बजे ढली-शिमला-पांवटा साहिब-शिलाई रूट पर एचआरटीसी बस चलाने से तीन बसें लगभग एक साथ शिल्ला तक 45 किलोमीटर का सफर तय करेंगी, जिससे प्रतिस्पर्धा बढ़ने के साथ दुर्घटनाओं की आशंका भी बढ़ रही है।
उन्होंने बताया कि इस संबंध में क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी सिरमौर को नया टाइम टेबल तय करने के लिए पत्र भेजा गया है। यदि 20 अप्रैल से पहले इस मुद्दे पर बैठक नहीं बुलाई गई, तो यूनियन 2:46 बजे चलने वाली सरकारी बस को चलने नहीं देगी और पहले तय टाइम टेबल के अनुसार बस को 3:20 बजे ही चलाने की मांग पर अड़ी रहेगी।
यूनियन ने यह भी दावा किया कि संबंधित एचआरटीसी बस को अभी नियमित परमिट जारी नहीं हुआ है और उसे स्पेशल परमिट पर चलाया जा रहा है, जबकि निजी बस ऑपरेटरों के साथ इस मामले में सख्ती बरती जाती है।
पत्रकार वार्ता में जीत ठाकुर, कमलजीत बंगा, मेहराज काश्मी, जगदीश तोमर, राजेश चौधरी, श्यामलाल चौहान, कमल सैनी, सुनील कपूर, रमेश ठाकुर, अजीत ठाकुर, बलजीत, गुमान पुंडीर, सनी शर्मा, अवतार सिंह तारी, मुकेश चौधरी, रमेश शर्मा और आत्माराम सहित कई सदस्य मौजूद रहे।
