नाहन : हिमाचल प्रदेश के जिला सिरमौर की एक छात्रा ने अपनी मेहनत और प्रतिभा के दम पर एक अनूठी और नई मिसाल पेश की है। गोरक्षनाथ राजकीय संस्कृत महाविद्यालय नाहन की छात्रा नाजिया ने शास्त्री (संस्कृत) फाइनल ईयर की परीक्षा में पूरे कॉलेज में पहला स्थान हासिल किया है। सीमित संसाधनों वाले परिवार से आने वाली नाज़िया ने 1000 में से 785 अंक प्राप्त कर यह बड़ी उपलब्धि अपने नाम की है।
पांवटा साहिब उपमंडल के गांव रामपुर बंजारन (धौलाकुआं) की रहने वाली नाज़िया, पिता सलीम मोहम्मद और मां संजीदा की पुत्री हैं। उनके पिता एक फैक्ट्री में कार्यरत हैं। आर्थिक चुनौतियों के बावजूद परिवार ने उनकी पढ़ाई में लगातार सहयोग दिया और नाज़िया ने अपनी मेहनत से कॉलेज का नाम रोशन कर दिया।
नाज़िया की उपलब्धि इसलिए भी खास है, क्योंकि जमा दो के बाद उन्होंने नर्सिंग, जेबीटी और शास्त्री तीनों प्रवेश परीक्षाएं उत्तीर्ण की थीं। करिअर के कई विकल्प होने के बावजूद उन्होंने अपने व्यक्तिगत रुचि और अपनी अध्यापिका के मार्गदर्शन पर संस्कृत विषय को चुना और गोरक्षनाथ राजकीय संस्कृत कॉलेज नाहन में शास्त्री पाठ्यक्रम में प्रवेश लिया।
संस्कृत कॉलेज नाहन के प्रधानाचार्य डॉ. नरेश शर्मा और सहायक प्रोफेसर (पॉलिटिकल साइंस) ताराचंद ने बताया कि नाज़िया ने वार्षिक परीक्षा में पूरे कॉलेज में शीर्ष स्थान हासिल किया है। उन्होंने यह भी बताया कि मुस्लिम समुदाय से संबंधित आयशा परवीन ने भी शास्त्री द्वितीय वर्ष की परीक्षा उत्तीर्ण कर अंतिम वर्ष में प्रवेश किया है।
नाज़िया की इस उपलब्धि पर कॉलेज प्रबंधन, शिक्षकों और क्षेत्र के गणमान्य लोगों ने उन्हें बधाई दी है। उनकी सफलता को शिक्षा के माध्यम से मेहनत, समर्पण और प्रतिभा की मिसाल बताया जा रहा है।