बलोह और मोड़ा टोल प्लाजा पर अब फोरलेन के सुचारू हिस्से के आधार पर होगी टोल वसूली

टोल प्लाजा पर अब केवल उतनी ही लंबाई के आधार पर टोल वसूली की जाएगी, जहां सड़क सुचारू और उपयोग योग्य है। जो हिस्सा क्षतिग्रस्त या मरम्मताधीन है, उस पर टोल शुल्क नहीं लिया जाएगा। यह आदेश 23 अगस्त, 2025 से प्रभावी होगा।

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बिलासपुर : DC बिलासपुर एवं जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (DDMA) के अध्यक्ष राहुल कुमार ने बताया कि बलोह और मोड़ा टोल प्लाजा पर अब केवल उतनी ही लंबाई के आधार पर टोल वसूली की जाएगी, जहां सड़क सुचारू और उपयोग योग्य है। जो हिस्सा क्षतिग्रस्त या मरम्मताधीन है, उस पर टोल शुल्क नहीं लिया जाएगा। यह आदेश 23 अगस्त, 2025 से प्रभावी होगा।

गौरतलब है कि भारी वर्षा और भूस्खलन के कारण किरतपुर–नेरचौक फोरलेन को गंभीर क्षति पहुंची थी। थापना, समलेटू और मंडी-भराड़ी क्षेत्रों में बड़े-बड़े पत्थर गिरने और मलबा आने से लंबे समय तक यातायात बाधित रहा। इस स्थिति को देखते हुए 20 अगस्त, 2025 को जिला प्रशासन ने आदेश जारी कर बलोह और मोड़ा टोल प्लाजा पर टोल संचालन अस्थायी रूप से निलंबित कर दिया था।

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डीसी के निर्देशों पर सदर, स्वारघाट, घुमारवीं और झंडूता उपमंडलाधिकारियों द्वारा विस्तृत निरीक्षण एवं मूल्यांकन किया गया। इसके बाद 22 अगस्त को जिला प्रशासन एवं एनएचएआई अधिकारियों ने बलोह से मोड़ा तक संयुक्त निरीक्षण किया।

निरीक्षण में पाया गया कि सड़क के अधिकांश हिस्सों पर यातायात बहाल हो चुका है, किंतु लगभग 0.83 किलोमीटर का हिस्सा अभी मरम्मताधीन है। इस क्षतिग्रस्त हिस्से को टोल योग्य लंबाई से घटा दिया गया है।

एनएचएआई की रिपोर्ट के अनुसार कुछ स्थानों पर यातायात चार लेन की बजाय दो लेन पर संचालित हो रहा है, जबकि अधिकांश स्थानों पर यातायात पूरी तरह से सुचारू है। आकलन के बाद टोल योग्य सड़क की कुल लंबाई घटकर अब 48.935 किलोमीटर रह गई है।

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नए आदेशानुसार पूर्व आदेश को निरस्त कर दिया गया है और अब टोल शुल्क केवल घटाई गई लंबाई पर ही वसूला जाएगा।
डीसी ने एनएचएआई और टोल प्लाजा प्रबंधन को निर्देश दिए हैं कि यात्रियों की सुविधा और सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए पर्याप्त साइनबोर्ड, हेल्पलाइन नंबर तथा यातायात प्रबंधन की उचित व्यवस्था की जाए।

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