शिमला : भारतीय जनता पार्टी महिला मोर्चा हिमाचल प्रदेश ने प्रदेश अध्यक्ष डेजी ठाकुर के नेतृत्व में शिमला के कार्ट रोड स्थित कांग्रेस कार्यालय के बाहर धरना-प्रदर्शन किया। इस दौरान बड़ी संख्या में महिला कार्यकर्ताओं ने कांग्रेस पार्टी के विरुद्ध नारेबाजी की और कांग्रेस नेता राहुल गांधी व मणिपुर से कांग्रेस सांसद अंगोमचा बिमोल अकोइजम का पुतला फूंककर अपना विरोध दर्ज करवाया।
यह प्रदर्शन कांग्रेस सांसद एवं जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय से जुड़े प्रोफेसर अंगोमचा बिमोल अकोइजम के विरुद्ध 11 महिलाओं द्वारा यौन उत्पीड़न के आरोप लगाए जाने तथा उनकी कथित बर्खास्तगी से संबंधित मामले को लेकर आयोजित किया गया।
डेजी ठाकुर ने कहा कि महिलाओं के सम्मान, सुरक्षा और गरिमा से जुड़े मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही अथवा राजनीतिक संरक्षण स्वीकार नहीं किया जा सकता। कांग्रेस के एक सांसद के विरुद्ध इस प्रकार के गंभीर आरोप सामने आना अत्यंत चिंताजनक है और कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व को इस विषय पर अपनी स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस नेता राहुल गांधी महिलाओं के अधिकारों और सम्मान की बात करते हैं, लेकिन जब उनकी अपनी पार्टी के सांसद पर गंभीर आरोप लगते हैं तो कांग्रेस नेतृत्व की जवाबदेही भी बनती है। राहुल गांधी इस मामले पर सार्वजनिक रूप से जवाब दें और कांग्रेस पार्टी संबंधित सांसद के विरुद्ध निष्पक्ष जांच सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक संगठनात्मक कार्रवाई करे। आरोप प्रमाणित होने की स्थिति में सांसद को पार्टी से निष्कासित किया जाना चाहिए।
उन्होंने राहुल गांधी और एक महिला पुलिसकर्मी के बीच कथित झड़प से संबंधित मीडिया में प्रसारित फुटेज का भी उल्लेख किया। कहा कि सार्वजनिक जीवन में जिम्मेदार पदों पर बैठे नेताओं से महिलाओं, विशेषकर अपने कर्तव्य का निर्वहन कर रही महिला पुलिसकर्मियों के प्रति मर्यादित और सम्मानजनक व्यवहार की अपेक्षा की जाती है। उन्होंने संबंधित घटनाक्रम पर राहुल गांधी से स्पष्टीकरण देने की मांग की।
डेजी ठाकुर ने कहा कि कांग्रेस नेतृत्व को स्पष्ट करना चाहिए कि वह अपने सांसद के विरुद्ध लगाए गए आरोपों को लेकर क्या कदम उठा रहा है। उन्होंने कहा कि महिलाओं की शिकायतों को नजरअंदाज करना अथवा राजनीतिक प्रभाव के कारण कार्रवाई में देरी करना उचित नहीं है। भाजपा महिला मोर्चा की मांग है कि पूरे मामले की पारदर्शी और निष्पक्ष जांच हो तथा दोष सिद्ध होने पर कानून के अनुसार कठोर कार्रवाई की जाए।
धरना-प्रदर्शन के दौरान महिला मोर्चा कार्यकर्ताओं ने कांग्रेस नेतृत्व से जवाबदेही तय करने की मांग की तथा महिलाओं के सम्मान और सुरक्षा को लेकर जोरदार नारेबाजी की।
