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राजगढ़ में हाई कोर्ट के आदेश पर हटाया गया अवैध निर्माण, 12 साल चली कानूनी लड़ाई

वर्ष 2012 में इस अवैध निर्माण को लेकर हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट ने स्पष्ट आदेश दिए थे कि निर्माण कार्य को तुरंत रोका जाए और पंद्रह दिनों के भीतर लगाए गए शटरों को हटाया जाए। इसके बावजूद निर्माण कार्य नहीं रुका और वहां दो मंजिला भवन खड़ा कर दिया गया।

राजगढ़ : जिला सिरमौर के राजगढ़ में पोस्ट ऑफिस के समीप खसरा नंबर 197 में अवैध रूप से बनाए गए दो मंजिला भवन को लेकर बड़ी कार्रवाई की गई है। यह निर्माण पीडब्ल्यूडी और राजस्व विभाग की जमीन पर किया गया था, जिसे अब पूरी तरह अवैध घोषित किया गया है।

बताया जा रहा है कि वर्ष 2012 में इस अवैध निर्माण को लेकर हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट ने स्पष्ट आदेश दिए थे कि निर्माण कार्य को तुरंत रोका जाए और पंद्रह दिनों के भीतर लगाए गए शटरों को हटाया जाए। इसके बावजूद निर्माण कार्य नहीं रुका और वहां दो मंजिला भवन खड़ा कर दिया गया।

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इस मामले में सुनवाई के बाद जनवरी 2025 में उच्च न्यायालय ने एक बार फिर सख्त रुख अपनाते हुए आदेश दिए कि अवैध कब्जों पर बिजली और पानी की आपूर्ति काट दी जाए। न्यायालय के इन आदेशों का पालन करते हुए संबंधित विभाग ने पहला नोटिस जारी किया था। उसके बाद अतिक्रमणकारियों ने कुछ समय की मांग की, लेकिन विभाग को कोई संतोषजनक दस्तावेज प्रस्तुत नहीं किए।

इसके बाद 2 अप्रैल 2025 को बिजली विभाग पीडब्ल्यूडी विभाग के साथ मौके पर पहुंचा, हालांकि उस समय कोई कार्रवाई नहीं हो सकी, लेकिन 16 अप्रैल तक दुकानों को खाली करने का अंतिम नोटिस जारी कर दिया गया था।

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3 मई को दिनेश ठाकुर और राजेश ठाकुर ने स्वयं अपनी दुकानों को खाली किया और शटर हटा दिए। जानकारी के अनुसार यह पूरा निर्माण पीडब्ल्यूडी और राजस्व विभाग की भूमि पर किया गया था और पूर्ण रूप से अवैध घोषित किया गया है।

Hitesh Sharma
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हितेश शर्मा 'आपकी बात न्यूज़ नेटवर्क' के संस्थापक और मुख्य संपादक हैं। दो दशकों से भी अधिक लंबे अपने करिअर में, वे 'अमर उजाला' 'दैनिक भास्कर' दैनिक ट्रिब्यून, पंजाब केसरी और दिव्य हिमाचल जैसे प्रमुख प्रकाशनों में महत्वपूर्ण संपादकीय जिम्मेदारियां निभाई हैं। एक अनुभवी पत्रकार और पूर्व ब्यूरो प्रमुख के तौर पर, हितेश अपनी गहन ज़मीनी रिपोर्टिंग और नैतिक व प्रभावशाली पत्रकारिता के प्रति अपने अटूट समर्पण के लिए व्यापक रूप से सम्मानित हैं। वे जनहित से जुड़े मुद्दों पर गहन रिपोर्टिंग करने में विशेषज्ञता रखते हैं और यह सुनिश्चित करते हैं कि हर कहानी को पूरी गहराई और ज़िम्मेदारी के साथ प्रस्तुत किया जाए।

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