नाहन : जिला सिरमौर के विशेष न्यायाधीश-2 गौरव महाजन की अदालत ने प्रतिबंधित कैप्सूल की तस्करी मामले में दोषी को 10 वर्ष के कठोर कारावास और एक लाख रुपए के जुर्माने की सजा सुनाई है। जुर्माना अदा न करने की सूरत में दोषी को एक वर्ष का अतिरिक्त साधारण कारावास भुगतना होगा।
लोक अभियोजक (डिप्टी डीए) रश्मि शर्मा ने बताया कि इस मामले के आरोपी हरिचंद पुत्र मोहन लाल निवासी आवली वाला, कोटड़ी, तहसील नाहन, जिला सिरमौर को अदालत ने दोषी ठहराया है। मामले के अनुसार 9 जुलाई 2019 को एसआईयू नाहन के जांच अधिकारी हेड कांस्टेबल पंकज को गुप्त सूचना मिली थी कि हरिचंद नशीले पदार्थों की खरीद-बिक्री में लिप्त है और अपने वाहन में कोटड़ी गांव से दिल्ली गेट, नाहन की ओर आ रहा है। सूचना के आधार पर एसआईयू टीम ने तुरंत नाका लगाया।
नाकेबंदी के दौरान पुलिस ने आरोपी की कार को रोककर तलाशी ली गई। कार के बूट स्पेस में स्टेपनी के कवर के भीतर एक सफेद कैरी बैग मिला, जिसमें 750 प्रतिबंधित नशीले कैप्सूल बरामद किए गए। इसके बाद पुलिस ने एनडीपीएस एक्ट में केस दर्ज किया। इस मामले की तफ्तीश पूरी होने पर पुलिस ने अदालत में चालान पेश किया, जहां अभियोजन पक्ष ने 18 गवाहों के बयान दर्ज करवाए। अदालत ने तमाम दलीलों और साक्ष्यों के आधार पर आरोपी को दोषी करार देते हुए ये सजा सुनाई।



