नाहन : जिला सिरमौर के उपमंडल संगड़ाह की सांगना-सत्ताहन संपर्क सड़क पिछले तीन वर्षों से यातायात के लिए बंद पड़ी है। इसके चलते क्षेत्र के ग्रामीणों और किसानों को भारी दुश्वारियों का सामना करना पड़ रहा है। किसानों को अपनी नगदी फसल करीब दो किलोमीटर तक पीठ पर उठाकर मुख्य सड़क तक पहुंचानी पड़ रही है, जिससे उनकी लागत और मेहनत दोनों बढ़ गई हैं। इसके साथ साथ सबसे ज्यादा परेशानी गांव में बीमार लोगों को अस्पताल तक पहुंचाने में झेलनी पड़ रही है। लिहाजा, ग्रामीणों का प्रदेश सरकार और लोक निर्माण विभाग के प्रति रोष बढ़ता जा रहा है।
इस मुद्दे को लेकर जिला सिरमौर भाजपा के प्रवक्ता प्रताप सिंह रावत ने प्रदेश सरकार और लोक निर्माण विभाग पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि सड़क को बहाल करने की मांग लंबे समय से की जा रही है, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। रावत ने कहा कि जगह-जगह भूस्खलन और मलबा आने से बंद हुई इस सड़क को खुलवाने के लिए वह स्वयं लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह से मिले थे। मंत्री ने लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों को सड़क बहाल करने के निर्देश भी दिए थे, लेकिन इसके बावजूद आज तक सड़क यातायात के लिए शुरू नहीं हो सकी।
उन्होंने बताया कि ये संपर्क सड़क गत्ताधार मुख्य सड़क से राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला सांगना सत्ताहन के लिए जाती है, जो 2 किलोमीटर लंबी है। इस संपर्क मार्ग पर स्कूली बच्चों का पैदल चलना भी मुश्किल है। बच्चों के साथ हर समय खराब सड़क के कारण हादसे का खतरा बना रहता है।
उन्होंने आरोप लगाया कि जिले की कई सड़कों की स्थिति बेहद खराब है। नई सड़कें बनाने की बात तो दूर, पहले से बनी सड़कों का रखरखाव भी ठीक ढंग से नहीं हो रहा है। उनका कहना है कि खराब सड़कों के कारण जिले में सड़क दुर्घटनाओं की घटनाएं भी बढ़ रही हैं।
भाजपा प्रवक्ता ने यह भी आरोप लगाया कि लोक निर्माण मंत्री की विभागीय अधिकारियों पर प्रभावी पकड़ नहीं है और उनके निर्देशों का भी पालन नहीं किया जा रहा। ऐसे में लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
