शिमला/नाहन : आल इंडिया कांग्रेस कमेटी ने हिमाचल प्रदेश में संगठनात्मक स्तर पर बड़ा राजनीतिक दांव चलते हुए 11 जिलों के जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्षों की घोषणा कर दी है। हालांकि, अभी किन्नौर और जिला कांग्रेस कमेटी शिमला ग्रामीण से नियुक्तियां होल्ड पर हैं। जिला अध्यक्षों के बाद अब जल्द ही ब्लॉक कांग्रेस कमेटी अध्यक्षों की नियुक्ति प्रक्रिया शुरू की जाएगी। इसके उपरांत प्रदेश कांग्रेस कमेटी का पुनर्गठन किया जाएगा।

जिला अध्यक्षों की नियुक्तियों से कांग्रेस ने साफ संकेत दिए हैं कि अब संगठन को मजबूत कर जमीनी स्तर पर भाजपा को घेरने की रणनीति पर तेजी से काम होगा। पार्टी नेतृत्व ने यह स्पष्ट कर दिया है कि आने वाले समय में सरकार और संगठन एक साथ समन्वय बनाकर चुनावी तैयारी करेंगे।
जिला सिरमौर से हिमाचल निर्माता के पौत्र आनंद परमार को रिपीट कर कांग्रेस ने यह संदेश दिया है कि पार्टी यहां नेतृत्व को लेकर कोई अस्थिरता नहीं चाहती। राजनीतिक विश्लेषकों की मानें तो इस बार जिलाध्यक्षों की नियुक्ति में कांग्रेस ने केवल जातिगत समीकरणों तक खुद को सीमित नहीं रखा, बल्कि संगठनात्मक पकड़, चुनावी मैनेजमेंट और राजनीतिक सक्रियता को प्राथमिकता दी है।
लंबी चर्चा और मंथन के बाद जारी की गई सूची के अनुसार मंडी से चंपा ठाकुर, कांगड़ा से अनुराग शर्मा, हमीरपुर से सुमन भारती शर्मा, लाहौल-स्पीति से डोरजे अंगरूप, कुल्लू से सेस राम आज़ाद, चंबा से सुरजीत कुमार भरमौरी, सिरमौर से आनंद परमार, सोलन से सुभाष चंद वर्माणी, शिमला अर्बन से इंदरजीत सिंह, बिलासपुर से अंजना धीमान और ऊना से देशराज गौतम को जिला कांग्रेस अध्यक्ष बनाया गया है।
कांग्रेस नेतृत्व का मानना है कि इन नियुक्तियों से संगठन को जमीनी स्तर पर नई ऊर्जा मिलेगी और आगामी चुनावों की तैयारियों को मजबूती मिलेगी। उल्लेखनीय है कि नवंबर 2024 में कांग्रेस हाईकमान ने हिमाचल कांग्रेस की प्रदेश, जिला और ब्लॉक कमेटी को भंग कर दिया था। लंबे समय से संगठन के पुनर्गठन की मांग हो रही थी। ऐसे में पार्टी हाईकमान ने अब जिला अध्यक्षों की नियुक्ति पर अपनी मुहर लगा दी है।



