
नाहन : जिला सिरमौर के पहले फोरलेन प्रोजेक्ट कालाअंब-पांवटा साहिब-बाताचौक मार्ग के निर्माण का रास्ता अब साफ होता नजर आ रहा है। केंद्र सरकार के सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय (MoRTH) ने कालाअंब से बाताचौक तक करीब 51 किलोमीटर हिस्से को फोरलेन के रूप में विकसित करने की अधिसूचना जारी कर दी है। अब इस सड़क का निर्माण कार्य MoRTH और भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) के माध्यम से करवाया जाएगा।
हिमाचल प्रदेश लोक निर्माण विभाग के नेशनल हाईवे नाहन मंडल ने सड़क से संबंधित आवश्यक दस्तावेज तैयार कर लिए हैं। विभाग इन्हें जल्द ही MoRTH और NHAI को सौंपने की तैयारी में है। नाहन एनएच मंडल की ओर से इस संबंध में दोनों संस्थाओं के अधिकारियों को ईमेल के माध्यम से आवश्यक जानकारी भी भेजी जा चुकी है।
केंद्र सरकार के राजपत्र में 31 जुलाई 2026 को जारी अधिसूचना के अनुसार कालाअंब से पांवटा साहिब के बाताचौक तक 51 किलोमीटर सड़क को फोरलेन में विकसित किया जाना है। विभाग के अनुसार सड़क से संबंधित दस्तावेजों के साथ फॉरेस्ट क्लीयरेंस की प्रक्रिया लगभग पूरी कर ली गई है।
कालाअंब-पांवटा साहिब मार्ग को वर्ष 2008 में राष्ट्रीय राजमार्ग घोषित किया गया था। वर्ष 2015 के बाद इस मार्ग पर चंडीगढ़ और देहरादून के बीच आवाजाही करने वाले वाहनों का दबाव लगातार बढ़ता गया। इसके बाद वर्ष 2020-21 के आसपास सड़क को फोरलेन बनाने की प्रक्रिया शुरू हुई, जो पिछले करीब पांच वर्षों से विभिन्न स्तरों पर आगे बढ़ रही है।
यह मार्ग अंबाला-देहरादून नेशनल हाईवे-07 का हिस्सा है। हरियाणा के अंबाला से हिमाचल की सीमा कालाअंब तक फोरलेन का निर्माण कार्य पिछले वर्ष पूरा हो चुका है। वहीं उत्तराखंड के देहरादून से पांवटा साहिब के बाताचौक तक फोरलेन का काम भी करीब तीन माह पहले पूरा हो गया है। ऐसे में अब हिमाचल में कालाअंब से बाताचौक के बीच करीब 51 किलोमीटर हिस्से का फोरलेन निर्माण बाकी है।
राजपत्र में अधिसूचना जारी होने के बाद अब MoRTH और NHAI इस सड़क को अपने अधीन लेकर आगामी प्रक्रिया शुरू करेंगे। इसके बाद फोरलेन निर्माण के लिए टेंडर प्रक्रिया करवाई जाएगी। उम्मीद है कि वर्ष 2027 से पहले इस महत्वाकांक्षी परियोजना का निर्माण कार्य शुरू हो सकता है।
नेशनल हाईवे नाहन मंडल के अधिशासी अभियंता ई. राकेश खंडूजा ने बताया कि कालाअंब से बाताचौक नेशनल हाईवे से संबंधित सभी आवश्यक दस्तावेज तैयार कर लिए गए हैं। इस संबंध में MoRTH और NHAI को ईमेल के माध्यम से जानकारी भेजी गई है। केंद्र और प्रदेश सरकार से आगामी निर्देश मिलने के बाद नियमानुसार अगली कार्रवाई की जाएगी।