
राजगढ़ : डीएवी महात्मा आनंद स्वामी सेंटेनरी पब्लिक स्कूल राजगढ़ के प्रतिभाशाली खिलाड़ियों ने डीएवी राष्ट्रीय खेल प्रतियोगिता-2026 के क्लस्टर-VIII स्तरीय टूर्नामेंट में शानदार प्रदर्शन करते हुए विद्यालय और क्षेत्र का नाम रोशन किया। विद्यालय के अध्यापक एवं कोच विनोद चौहान ने जानकारी देते हुए बताया की यह प्रतियोगिता एमआरए डीएवी पब्लिक स्कूल, सोलन की मेजबानी में आयोजित की गई, जहां प्रतियोगिता के समापन अवसर पर पुरस्कार वितरण समारोह भी आयोजित किया गया।
प्रथम स्तरीय टूर्नामेंट में डीएवी महात्मा आनंद स्वामी सेंटेनरी पब्लिक स्कूल, राजगढ़ के खिलाड़ियों ने विभिन्न खेल स्पर्धाओं में बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए उल्लेखनीय उपलब्धियां हासिल कीं। खो-खो प्रतियोगिता में टीम ने द्वितीय रनर-अप का स्थान हासिल किया। वहीं अंडर-14 बालक वर्ग की कबड्डी टीम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए विजेता का खिताब अपने नाम किया। इसके साथ ही अंडर-19 बालक वर्ग की कबड्डी टीम ने भी उत्कृष्ट खेल का प्रदर्शन करते हुए विजेता ट्रॉफी हासिल की।
कबड्डी के दोनों आयु वर्गों में मिली जीत खिलाड़ियों की कड़ी मेहनत, नियमित अभ्यास और मैदान पर शानदार तालमेल का परिणाम रही। खिलाड़ियों ने पूरे टूर्नामेंट के दौरान आत्मविश्वास, अनुशासन और खेल भावना का परिचय देते हुए अपने प्रतिद्वंद्वियों को कड़ी चुनौती दी।प्रतियोगिता के दौरान आयोजित पुरस्कार वितरण समारोह में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों को सम्मानित किया गया।
खिलाड़ियों की इस उपलब्धि से विद्यालय के विद्यार्थियों, अभिभावकों, शिक्षकों और पूरे डीएवी परिवार में खुशी का माहौल है। इस शानदार सफलता पर कोच विनोद चौहान के योगदान की भी विशेष सराहना की गई। खिलाड़ियों को लगातार प्रशिक्षण देने, उनकी खेल तकनीक में सुधार करने, प्रतियोगिता के लिए तैयार करने तथा उन्हें बेहतर प्रदर्शन के लिए प्रेरित करने में उनके अथक परिश्रम, समर्पण और मार्गदर्शन की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
विद्यालय के प्रधानाचार्य ने सभी विजेता एवं प्रतिभागी खिलाड़ियों को बधाई दी और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। विद्यालय प्रबंधन ने कहा कि खेल विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास का महत्वपूर्ण माध्यम हैं। खेलों के माध्यम से विद्यार्थियों में अनुशासन, नेतृत्व क्षमता, टीम भावना, आत्मविश्वास और संघर्ष करने की भावना विकसित होती है।
डीएवी महात्मा आनंद स्वामी सेंटेनरी पब्लिक स्कूल, राजगढ़ के खिलाड़ियों की इस उपलब्धि ने एक बार फिर साबित किया है कि मेहनत, लगन, अनुशासन और सही मार्गदर्शन के साथ युवा खिलाड़ी बड़े मंच पर भी अपनी प्रतिभा का शानदार प्रदर्शन कर सकते हैं।