नाहन : भाजपा प्रदेश अध्यक्ष डॉ. राजीव बिंदल ने शुक्रवार को संत शिरोमणि श्री गुरू रविदास जी महाराज के 650वें प्रकटोत्सव पर नाहन विधानसभा क्षेत्र के माजरा के समीप सैनवाला में श्री गुरू रविदास मंदिर में शीश नवाकर उनका आशीर्वाद प्राप्त किया। इस अवसर पर उन्होंने श्रद्धालुओं के साथ संत शिरोमणि श्री गुरु रविदास जी महाराज के बताए मार्ग पर चलने तथा सामाजिक समरसता, समानता, मानव सेवा और राष्ट्र निर्माण के मूल्यों को जीवन में अपनाने का संकल्प लिया।
डॉ. बिंदल ने बताया कि संत शिरोमणि श्री गुरू रविदास जी महाराज के 650वें प्रकटोत्सव के उपलक्ष्य में भारतीय जनता पार्टी द्वारा देशव्यापी ‘संत शिरोमणि श्री गुरू रविदास जी महाराज समरसता संकल्प अभियान’ चलाया जा रहा है। इसके अंतर्गत पूरे देश में भव्य कलश यात्राओं का आयोजन किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि संत शिरोमणि श्री गुरू रविदास जी महाराज भारत की संत परंपरा के महान प्रकाश स्तंभ थे। उन्होंने अपने जीवन और वाणी के माध्यम से समाज को समानता, प्रेम, भाईचारे, श्रम की गरिमा और सामाजिक समरसता का संदेश दिया। काशी की पावन धरा, जो संत शिरोमणि श्री गुरू रविदास जी महाराज की जन्मस्थली है, वहां से पवित्र मिट्टी से भरे हजारों कलश देशभर के विभिन्न राज्यों के लिए रवाना किए जा चुके हैं। इन कलशों का विभिन्न स्थानों पर श्रद्धा और सम्मान के साथ स्वागत किया जाएगा।
उन्होंने जानकारी दी कि यह कलश यात्रा 2 अगस्त को हिमाचल प्रदेश में प्रवेश करेगी और ऊना में यात्रा का भव्य स्वागत किया जाएगा। 3 अगस्त को यह कलश यात्रा सिरमौर जिले में पहुंचेगी। जिला में यात्रा का पहला कार्यक्रम माजरा के समीप सैनवाला स्थित श्री गुरू रविदास आश्रम में आयोजित होगा। इसके बाद दूसरा कार्यक्रम संत शिरोमणि श्री गुरू रविदास मंदिर, वार्ड नंबर-11, नाहन में आयोजित किया जाएगा, जहां श्रद्धालु एवं समाज के लोग कलश यात्रा का अभिनंदन करेंगे।
इसके बाद यह यात्रा सोलन, शिमला, बिलासपुर होकर हमीरपुर में संपन्न होगी। लगभग नौ दिनों तक चलने वाली इस यात्रा के दौरान प्रदेश के विभिन्न मंदिरों में पवित्र कलश स्थापित किए जाएंगे तथा संत रविदास जी के जीवन, दर्शन और सामाजिक समरसता के संदेश को जन-जन तक पहुंचाया जाएगा।
बिंदल ने प्रदेशवासियों से इस पावन अवसर पर बढ़-चढ़कर भाग लेने का आग्रह करते हुए कहा, “मैं समाज के सभी भाई-बहनों से आग्रह करता हूं कि संत शिरोमणि श्री गुरू रविदास जी महाराज की पावन स्मृति में आयोजित इस समरसता संकल्प कलश यात्रा का श्रद्धापूर्वक स्वागत करें, इसमें सहभागी बनें और संत रविदास जी के बताए समरसता, सेवा और मानवता के मार्ग को अपने जीवन में अपनाने का संकल्प लें।”
