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जनगणना 2027 के लिए 1400 अधिकारी व कर्मचारी देंगे अपनी सेवाएं: DC मुकेश रेपसवाल

जनगणना 2027 के प्रथम चरण के अंतर्गत जिला चंबा में भवन सूचीकरण एवं आवास गणना का कार्य 16 जून 2026 से प्रारंभ होकर 15 जुलाई 2026 तक संचालित किया जाएगा। इस कार्य के सफल क्रियान्वयन के लिए जिला चंबा को 22 विभिन्न क्षेत्रों में विभाजित किया गया है।

चंबा : उपायुक्त एवं जिला जनगणना अधिकारी मुकेश रेपसवाल ने कहा कि जनगणना 2027 के प्रथम चरण के अंतर्गत जिला चंबा में भवन सूचीकरण एवं आवास गणना का कार्य 16 जून 2026 से प्रारंभ होकर 15 जुलाई 2026 तक संचालित किया जाएगा। इस कार्य के सफल क्रियान्वयन के लिए जिला चंबा को 22 विभिन्न क्षेत्रों में विभाजित किया गया है।

उन्होंने बताया कि भवन सूचीकरण एवं आवास गणना का कार्य जिले की 16 तहसीलों एवं उप-तहसीलों के अतिरिक्त 2 नगर परिषदों, 2 नगर पंचायतों तथा 2 छावनी क्षेत्रों सहित सभी क्षेत्रों में किया जाएगा। इस कार्य के लिए प्रगणन अधिकारियों एवं पर्यवेक्षकों को नियुक्त किया गया हैँ।

उपायुक्त ने बताया कि जनगणना कार्य को सुचारू रूप से संपन्न करने के लिए जिले में लगभग 1400 अधिकारियों एवं कर्मचारियों को विभिन्न चरणों में प्रशिक्षण प्रदान किया जा रहा है। इसके तहत प्रगणन अधिकारियों एवं पर्यवेक्षकों के लिए विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं।

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अब तक 32 फील्ड प्रशिक्षुओं द्वारा विभिन्न प्रशिक्षण बैचों में लगभग 200 प्रगणन अधिकारियों एवं पर्यवेक्षकों को प्रशिक्षित किया जा चुका है, जबकि शेष प्रगणन अधिकारियों एवं पर्यवेक्षकों का प्रशिक्षण कार्य 12 जून तक पूर्ण कर लिया जाएगा।

उन्होंने बताया कि जनगणना के दूसरे चरण में 11 से 30 सितंबर 2026 के बीच जिले के शीतकालीन एवं दुर्गम क्षेत्रों, जिनमें भरमौर, पांगी, होली तथा अन्य दूरस्थ क्षेत्र शामिल हैं, में जनगणना का कार्य संपन्न किया जाएगा। इस दौरान लगभग 1050 गांवों को कवर किया जाएगा। इसके पश्चात जिले के शेष क्षेत्रों में जनगणना का कार्य 9 से 28 फरवरी 2027 तक संचालित होगा।

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उपायुक्त ने बताया कि जनगणना के अंतर्गत 1 से 5 मार्च 2027 तक पुनर्निरीक्षण चरण आयोजित किया जाएगा, ताकि किसी भी छूटी हुई जानकारी का सत्यापन एवं अद्यतन किया जा सके।

उन्होंने कहा कि जनगणना के दौरान एकत्रित की जाने वाली सभी सूचनाएं पूर्णतः गोपनीय रखी जाएंगी तथा उनका उपयोग केवल सांख्यिकीय, नीतिगत एवं योजनागत उद्देश्यों के लिए किया जाएगा।

मुकेश रेपसवाल ने जिले के सभी नागरिकों से अपील करते हुए कहा कि वे जनगणना के दौरान सही, सटीक एवं पूर्ण जानकारी उपलब्ध करवाएं, ताकि सरकार द्वारा संचालित विकास योजनाओं एवं जनकल्याणकारी कार्यक्रमों का लाभ पात्र व्यक्तियों तक प्रभावी ढंग से पहुंचाया जा सके।

उपायुक्त ने बताया कि जनगणना 2027 देश की पहली डिजिटल जनगणना है, जिसके अंतर्गत नागरिकों को स्व-गणना की सुविधा भी प्रदान की गई है। यह सुविधा 1 जून से 15 जून 2026 तक उपलब्ध है। नागरिक स्वयं ऑनलाइन माध्यम से अपनी जानकारी दर्ज कर सकते हैं।

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उन्होंने बताया कि नागरिक https://se.census.gov.in पर लॉगिन कर अपनी स्व-गणना संबंधी जानकारी अपलोड कर सकते हैं। उन्होंने सभी नागरिकों से आग्रह किया कि वे सही एवं प्रमाणिक जानकारी दर्ज कर इस महत्वपूर्ण राष्ट्रीय अभियान को सफल बनाने में अपना सहयोग प्रदान करें।

Aapki Baat News Desk
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