
शिमला : हिमाचल प्रदेश में रक्षाबंधन के अवसर पर इस बार बहनों के साथ भाइयों का भी अवकाश रहेगा। मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने विधानसभा की कार्यवाही के दौरान इसकी घोषणा की। सरकार के इस फैसले के बाद प्रदेश में शुक्रवार को सभी स्कूलों और अन्य शैक्षणिक संस्थानों सहित अधिकांश सरकारी कार्यालयों में अवकाश रहेगा। जरूरी सेवाओं को इससे बाहर रखा गया है। सरकार की ओर से इस संबंध में अधिसूचना भी जारी कर दी गई है।
इससे पहले रक्षाबंधन पर महिलाओं को ही अवकाश दिया जाता था, जबकि पुरुष कर्मचारी सामान्य रूप से ड्यूटी पर रहते थे। इस व्यवस्था को लेकर यह सवाल भी उठता रहा है कि जब भाई ही घर पर नहीं होगा तो बहन उसे राखी बांधने कैसे जाएगी। सरकार ने इस बार बहनों के साथ भाइयों को भी अवकाश देकर इस समस्या का समाधान करने की पहल की है।
मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने अपने संदेश में कहा कि रक्षाबंधन भाई-बहन के स्नेह, विश्वास और अपनत्व का पावन उत्सव है। यह रिश्ता बचपन की यादों से लेकर जीवन के हर पड़ाव तक साथ निभाने वाला और बेहद खास होता है। उन्होंने कहा कि सभी भाई-बहन अपने परिवार के साथ मिलकर इस पर्व को मना सकें और खुशियां बांट सकें, इसी उद्देश्य से पूरे प्रदेश में शुक्रवार को सार्वजनिक अवकाश रखने का निर्णय लिया गया है।
वहीं, उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने रक्षाबंधन पर महिलाओं के लिए HRTC बसों में निशुल्क सफर की सुविधा देने की घोषणा की है। उन्होंने स्पष्ट किया कि हिमाचल प्रदेश की सीमा के भीतर यात्रा करने वाली किसी भी महिला यात्री से किराया नहीं लिया जाएगा।
रक्षाबंधन के मद्देनजर HRTC की ओर से अतिरिक्त बसें भी संचालित की जाएंगी, ताकि त्योहार के दौरान यात्रियों को आवाजाही में परेशानी न हो। उपमुख्यमंत्री ने स्पष्ट चेतावनी दी कि महिलाओं से किराया लेने या उन्हें बस में न बैठाने की शिकायत मिलने पर संबंधित के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
सरकार के इस फैसले से रक्षाबंधन पर अपने परिवार के साथ समय बिताने वाले कर्मचारियों को राहत मिलेगी। वहीं, महिलाओं के लिए निशुल्क बस यात्रा की सुविधा से मायके जाने वाली बहनों को भी सुविधा मिलने की उम्मीद है।
