HomeJudicialJudicial News: पूर्व जिला कोषागार अधिकारी को कोर्ट ने सुनाई ये सजा,...

Judicial News: पूर्व जिला कोषागार अधिकारी को कोर्ट ने सुनाई ये सजा, किया था 1.68 करोड़ का गबन

Judicial News : आरोपी ने नाहन में जिला कोषागार अधिकारी के पद पर रहते हुए 1.68 करोड़ से अधिक के सरकारी धन का गबन किया था।

नाहन | 
Judicial News : हिमाचल प्रदेश के जिला एवं सत्र न्यायाधीश सिरमौर हंसराज की अदालत ने सरकारी धन के गबन के आरोपी पूर्व जिला कोषागार अधिकारी सतीश कुमार पुत्र राम पाल निवासी दीप अपार्टमेंट, 103 अमरपुर नजदीक मेहता पार्किंग नाहन जिला सिरमौर को अलग-अलग धाराओं में दोषी करार दिया है.

आरोपी ने नाहन में जिला कोषागार अधिकारी के पद पर रहते हुए 1.68 करोड़ से अधिक के सरकारी धन का गबन किया था. अदालत द्वारा अलग-अलग धाराओं में सुनाई गई सजाएं एक साथ चलेंगी. दोषी को कुल 5 सालों की सजा सुनाई है. अदालत में मामले की पैरवी जिला न्यायवादी चंपा सुरील ने की.

जिला न्यायवादी ने बताया कि अदालत ने दोषी को पीसी एक्ट की धारा 13(2) के तहत 5 वर्ष के साधारण कारावास और 5000 रुपए जुर्माना अदा करने की सजा सुनाई. जुर्माना अदा न करने की स्थिति में दोषी को 3 महीने का अतिरिक्त साधारण कारावास भुगतना होगा. इसके अलावा दोषी को आईपीसी की धारा 409 के तहत दंडनीय अपराध के लिए 5 वर्ष के साधारण कारावास और 5000 रुपए जुर्माना अदा करने की भी सजा सुनाई है और यह जुर्माना अदा न करने की स्थिति में भी दोषी को 3 महीने की अतिरिक्त साधारण कारावास की सजा काटनी होगी.

ये भी पढ़ें:  कालाअंब: ओवरटेक के चक्कर में ट्रैक्टर ट्रॉली से टकराई बाइक, घायल युवक ने अस्पताल में तोड़ा दम

वहीं, आईपीसी धारा 420 के तहत दंडनीय अपराध के लिए 3 वर्ष के साधारण कारावास और 3000 रुपए का जुर्माना भरने के भी आदेश दिए है. ये जुर्माना न भरने पर भी दोषी को 2 महीने की अवधि के लिए साधारण कारावास काटना होगा.

इसके साथ-साथ अदालत में आईपीसी की धारा 467 के तहत दंडनीय अपराध के लिए 4 वर्ष के साधारण कारावास और 5000 रुपए का जुर्माना और उक्त जुर्माना अदा न करने पर 3 महीने की अवधि के लिए अतिरिक्त साधारण कारावास, आईपीसी की धारा 468 के तहत 3 वर्ष के साधारण कारावास और 3000 रुपए का जुर्माना अदा करने और जुर्माना न भरने पर उन्हें 3 महीने की अवधि के लिए अतिरिक्त साधारण कारावास भुगतने के आदेश भी दिए है. ये सभी सजाएं एक साथ चलेगी.

ये भी पढ़ें:  हिमाचल में भीषण अग्निकांड: 8 साल के मासूम का शव निकाला, कई लोगों के फंसे होने की आशंका

जिला न्यायवादी चंपा सुरील ने बताया कि दोषी वर्ष 2012 से 2018 के बीच नाहन में जिला कोषागार अधिकारी के पद पर तैनात था, जिसने उक्त अवधि के दौरान ई-पेंशन प्रणाली में चालाकी से फर्जी प्रविष्टियां करके 1,68,66,371 रुपए की सरकारी धनराशि का गबन किया था.

ये भी पढ़ें:  7 साल से फरार उद्घोषित अपराधी शिमला से गिरफ्तार, सिरमौर पुलिस की PO सेल की बड़ी कार्रवाई
Aapki Baat News Desk
Aapki Baat News Desk
"आपकी बात न्यूज़" एक लोकप्रिय हिंदी समाचार प्लेटफॉर्म है, जो राजनीति, समसामयिक घटनाओं, मनोरंजन, खेल और अन्य महत्वपूर्ण विषयों पर ताजे अपडेट्स प्रदान करता है।

Latest Articles

Explore More