नाहन : कृषि विभाग की ओर से विकास खंड ग्राम नाहन की पंचायत पालियों में बुधवार को किसान गोष्ठी का आयोजन किया गया, जिसमें सैकड़ों किसानों ने भाग लिया। गोष्ठी में फार्मर रजिस्ट्री और प्राकृतिक खेती को लेकर किसानों को जागरूक किया गया। साथ ही किसानों को विभागीय योजनाओं और आधुनिक कृषि पद्धतियों की भी जानकारी दी गई। कार्यक्रम में नाहन के विधायक अजय सोलंकी ने बतौर मुख्य अतिथि शिरकत की।
इस मौके पर सोलंकी ने कहा कि प्राकृतिक खेती से किसानों की उत्पादन लागत कम करने के साथ कृषि उपज की गुणवत्ता और बाजार मूल्य बढ़ाने में मदद मिलेगी। उन्होंने बताया कि प्रदेश सरकार ने गेहूं, मक्की, अदरक और हल्दी सहित विभिन्न कृषि उत्पादों के समर्थन मूल्य में बढ़ोतरी की है। भैंस के दूध का समर्थन मूल्य 71 रुपये प्रति किलो किया गया है।
फार्मर रजिस्ट्री से योजनाओं का लाभ पहुंचाना होगा आसान
विधायक ने किसानों से फार्मर रजिस्ट्री करवाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि इससे किसानों की भूमि और कृषि संबंधी जानकारी एकीकृत रूप से उपलब्ध होगी। इससे पात्र किसानों तक विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ अधिक आसानी से पहुंचाने में मदद मिलेगी।
कालाअंब के आसपास खुलेगा खरीद केंद्र
सोलंकी ने कहा कि पालियों क्षेत्र के किसानों को अपनी उपज बेचने के लिए धौलाकुआं जाना पड़ता है। किसानों की इस समस्या को देखते हुए कृषि उपज समिति से बातचीत कर कालाअंब अथवा आसपास खरीद केंद्र स्थापित करवाने का प्रयास किया जाएगा। उन्होंने कहा कि किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य दिलाने के लिए बाजार व्यवस्था को मजबूत करना जरूरी है।
किसानों ने रखीं सड़क और बस सेवा से जुड़ी समस्याएं
गोष्ठी के बाद विधायक ने करीब 3 पंचायतों के लोगों की समस्याएं भी सुनीं। उन्होंने क्षेत्र में अतिरिक्त बस सेवा, नए पुल और सड़कों से जुड़ी समस्याओं के समाधान का आश्वासन दिया। कई समस्याओं का मौके पर ही समाधान करवाया गया।
कृषि उपनिदेशक साहब सिंह ने विभागीय योजनाओं की जानकारी दी, जबकि आत्मा परियोजना निदेशक नवदीप कौंडल ने प्राकृतिक खेती के लाभ बताए। ग्राम प्रधान जग्गो देवी और उपप्रधान नवीन चौधरी ने सफल आयोजन के लिए विधायक और कृषि विभाग का आभार जताया।
कार्यक्रम में पालियो पंचायत की प्रधान जागो देवी, उपप्रधान नवीन चौधरी, बर्मा पापड़ी के प्रधान बलदेव सिंह, उपप्रधान सोमनाथ ठाकुर, कांग्रेस नेता बनारसी दास, बिंदर, बलदेव, हेमराज, डॉ. सुरेश ठाकुर, अमरनाथ, मोहन, कृषि विकास अधिकारी चेतन गुप्ता, सहायक कृषि विकास अधिकारी तेजवीर, विषय वस्तु विशेषज्ञ हरभजन सिंह सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
